सेल और बीएसएल कर्मियों की समस्याओं को लेकर बीएकेएस अध्यक्ष हरिओम ने रघुवर दास से की विशेष मुलाकात
जमशेदपुर | 26 जुलाई 2025
भारतीय इस्पात कर्मचारी संघ (बीएकेएस) के अध्यक्ष हरिओम ने शुक्रवार को ओडिशा के पूर्व राज्यपाल व झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास से जमशेदपुर स्थित उनके आवास पर शिष्टाचार मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने सेल (SAIL) और बीएसएल (Bokaro Steel Limited) कर्मचारियों से जुड़ी वर्षों से लंबित मांगों और समस्याओं को उनके समक्ष सिलसिलेवार ढंग से रखा।
👉 प्रमुख मुद्दे जिन पर ध्यान आकृष्ट कराया गया:
45000 से अधिक कर्मियों के वेतन पुनरीक्षण (Wage Revision) में धांधली
फिटमेंट व पर्क्स के एरियर को पिछले 8 वर्षों से लंबित रखना
बोकारो स्टील प्लांट में यूनियन चुनाव नहीं कराना
टारगेटेड कार्रवाई व कर्मियों के शोषण की शिकायतें
सेल में ट्रेड यूनियन की राजनीति और उसका दमन
असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों की बढ़ती समस्याएं
हरिओम ने कहा कि कर्मचारियों की आवाज को दबाने और मांगों को वर्षों तक टालने की प्रवृत्ति, सेल प्रबंधन में व्यापक रूप से देखी जा रही है। उन्होंने पूर्व राज्यपाल से आग्रह किया कि वे इस गंभीर विषय को केंद्र सरकार के स्तर पर उठाएं, ताकि हजारों कर्मचारियों को न्याय मिल सके।
✍️ रघुवर दास ने दिया सकारात्मक आश्वासन
रघुवर दास ने बीएकेएस अध्यक्ष को आश्वस्त करते हुए कहा कि वे शीघ्र ही केंद्र सरकार को सेल प्रबंधन से संबंधित समस्याओं के बारे में अवगत कराएंगे। उन्होंने यह भी कहा कि—
“संगठित कर्मियों की संख्या कम हो रही है, और ठेका श्रमिकों की बढ़ती हिस्सेदारी के चलते ट्रेड यूनियन आंदोलन कमजोर हुआ है, जिसका लाभ प्रबंधन उठा रहा है।”
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वे बोकारो समेत अन्य यूनिट्स में यूनियन के संघर्ष का समर्थन करते रहेंगे।
हरिओम ने कहा कि चूंकि रघुवर दास टाटा स्टील के पूर्व कर्मचारी, झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और राज्यपाल रह चुके हैं, इसलिए उन्हें औद्योगिक माहौल और श्रमिक हितों की गहरी समझ है। कई मुद्दों से वह पूर्व से ही परिचित हैं, और अब उन पर पुनः कार्य करने का भरोसा उन्होंने दिया है।
निष्कर्ष:
इस मुलाकात से सेल और बीएसएल कर्मियों की उम्मीदें फिर से जगी हैं कि उनके वर्षों से लटके मुद्दों को जल्द ही उचित मंच पर उठाया जाएगा, और न्याय मिल सकेगा।







