साइबर अपराध में फंसना नहीं है, सतर्क रहना हैः उपायुक्त
बोकारो: जिला परिषद सभागार में जिला समाज कल्याण विभाग द्वारा “बेटी बचाओ – बेटी पढ़ाओ” योजना के तहत एक दिवसीय साइबर फ्रॉड एवं साइबर सुरक्षा कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यक्रम में उपायुक्त अजय नाथ झा, जिला परिषद अध्यक्ष सुनीता देवी, उप विकास आयुक्त शताब्दी मजूमदार समेत कई अधिकारी उपस्थित रहे।
इस अवसर पर अधिकारियों ने छात्राओं, सीडीपीओ और महिला पर्यवेक्षिकाओं को संबोधित करते हुए साइबर अपराध से बचाव के उपाय बताए और सतर्क रहने की अपील की। उपायुक्त ने कहा कि “अगर कोई गलती अनजाने में हो जाए तो उसे छुपाने के बजाय स्वीकार करें और तुरंत अभिभावक या शिक्षक को बताएं। जीवन में शॉर्टकट अपनाने से बचें और मोबाइल व इंटरनेट का उपयोग सतर्कता के साथ करें।”
साइबर अपराध के तरीके और बचाव
कार्यशाला में मुख्यालय डीएसपी अनिमेष गुप्ता व प्रशिक्षकों ने मोबाइल कॉल, सोशल मीडिया, ई-मेल और ऑनलाइन पेमेंट के जरिए होने वाले साइबर ठगी के मामलों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि ऐसी किसी घटना में तुरंत डायल 1930 या www.cyber.gov.in पर शिकायत दर्ज करानी चाहिए।
व्यक्तिगत अनुभव साझा
उप विकास आयुक्त शताब्दी मजूमदार ने अपने साथ हुए साइबर फ्रॉड के एक प्रयास का उदाहरण दिया और बताया कि समय पर कार्रवाई से कैसे उन्होंने खुद को सुरक्षित रखा।
नशा मुक्ति की शपथ
कार्यक्रम के दौरान नशा मुक्ति अभियान के पांच वर्ष पूर्ण होने पर उपायुक्त ने सभी को नशामुक्त समाज के निर्माण की शपथ दिलाई। उन्होंने युवाओं से नशामुक्त भारत अभियान में अधिकाधिक भागीदारी का आह्वान किया।
उपस्थित लोग
कार्यक्रम में अपर समाहर्ता मो. मुमताज अंसारी, अनुमंडल पदाधिकारी चास प्रांजल ढ़ांडा, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी अविनाश कुमार सिंह, जेएसएलपीएस, सहयोगिनी एवं पीएमयू टीम के सदस्य सहित कई गणमान्य उपस्थित थे।







