लोहरदगा स्टेशन पर रांची मंडल आरपीएफ की सतर्कता से मिर्गी के मरीज को मिली सुरक्षित मदद
रांची: लोहरदगा रेलवे स्टेशन पर एक सराहनीय मानवीय कार्य का उदाहरण सामने आया, जब ट्रेन में सफर कर रहे मिर्गी पीड़ित यात्री को रांची मंडल आरपीएफ की तत्परता से समय पर सहायता प्रदान की गई। यह घटनाक्रम कमांडेंट पवन कुमार के नेतृत्व में संचालित हो रही प्रभावी सुरक्षा व्यवस्था का प्रत्यक्ष प्रमाण है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रिय कुमारी, पिता – केशवा मिस्त्री, निवासी – रघुनंदन लेन, वार्ड सं. 17, अपर बाजार, थाना एवं जिला – लोहरदगा, लोहरदगा रेलवे स्टेशन पर पहुंची थीं। उन्होंने आरपीएफ के एएसआई सय्यद असीमुद्दीन को सूचित किया कि उनके भाई पिंकू मिस्त्री, जो ट्रेन संख्या 18635 (रांची-शहडोल एक्सप्रेस) में सामान्य श्रेणी के कोच से यात्रा कर रहे थे, को यात्रा के दौरान मिर्गी का दौरा पड़ा है।
सूचना मिलते ही एएसआई सय्यद असीमुद्दीन द्वारा त्वरित प्रतिक्रिया देते हुए संबंधित सहयात्रियों से संपर्क कर स्थिति स्पष्ट की गई। यात्री और उसके सामान का समुचित ध्यान रखने के लिए विशेष रूप से निर्देश दिए गए। ट्रेन के लोहरदगा स्टेशन पहुंचते ही आरपीएफ की टीम द्वारा यात्री को सुरक्षित रूप से ट्रेन से उतारा गया और तुरंत चिकित्सीय सहायता उपलब्ध कराने की पेशकश की गई।
हालांकि, बहन प्रिय कुमारी ने स्थिति को नियंत्रण में बताते हुए स्वयं देखभाल की जिम्मेदारी ली और चिकित्सकीय सहायता से इनकार कर दिया। इसके पश्चात यात्री अपनी बहन के साथ स्टेशन से सुरक्षित रवाना हो गया।
यात्रियों की सुरक्षा और सहयोग के इस सराहनीय कार्य के लिए आरपीएफ स्टाफ को परिजनों द्वारा धन्यवाद ज्ञापित किया गया।
उल्लेखनीय भूमिका में रहे अधिकारी व स्टाफ:
एएसआई सय्यद असीमुद्दीन
महिला स्टाफ: कल्पना कुमारी एवं प्रियका
निष्कर्ष:
रांची मंडल के अंतर्गत आरपीएफ द्वारा प्रदर्शित यह मानवीय संवेदना न केवल रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था में विश्वास को मजबूत करता है, बल्कि यह दर्शाता है कि आपात स्थिति में रेलवे सुरक्षा बल न केवल कर्तव्यनिष्ठ, बल्कि मानवता के प्रति भी प्रतिबद्ध हैं।







