रेलकर्मियों की समस्याओं और अधिकारों पर होगी गहन चर्चा
नई दिल्ली : ऑल इंडिया रेलवे फेडरेशन (NFIR) का 31वां राष्ट्रीय अधिवेशन आगामी 2 से 4 सितंबर 2025 तक दिल्ली में आयोजित किया जाएगा। एनएफआईआर अध्यक्ष गु्मान सिंह और महासचिव डॉ. एम. राघवैया के आह्वान पर आयोजित यह अधिवेशन रेलवे कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान और अधिकारों की रक्षा पर केंद्रित रहेगा।
अधिवेशन के पाँच प्रमुख मुद्दे
सम्मेलन में रेलवे कर्मचारियों से जुड़े पाँच अहम मुद्दों पर मंथन किया जाएगा:
पुरानी पेंशन योजना (OPS) की बहाली
रेलवे में निजीकरण और संविदा प्रणाली का विरोध
चित्तरंजन लोकोमोटिव वर्क्स के 648 पद सरेंडर आदेश की वापसी
कैडर पुनर्गठन और ग्रेड अपग्रेडेशन
8वें वेतन आयोग की शर्तों को अंतिम रूप देना
चित्तरंजन रेलवेमेंस कांग्रेस की तैयारी
इस अधिवेशन को लेकर चित्तरंजन रेलवेमेंस कांग्रेस ने भी व्यापक तैयारियाँ शुरू कर दी हैं। महासचिव इंद्रजीत सिंह ने बैठक में घोषणा की कि सैकड़ों रेलकर्मी अधिवेशन में शामिल होने के लिए दिल्ली कूच करेंगे।
उन्होंने कहा, “यह अधिवेशन केवल सम्मेलन नहीं, बल्कि रेलकर्मियों के भविष्य और अधिकारों की जंग है।”
रेलकर्मियों में उत्साह चरम पर
रेलवे कर्मचारियों में इस अधिवेशन को लेकर जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। माना जा रहा है कि यह सम्मेलन रेलवे कर्मचारियों के लिए कई बड़े फैसलों का मार्ग प्रशस्त करेगा।







