HomeCRIMEहजारीबाग में बैंक लूट कांड का खुलासा, 3 अपराधी गिरफ्तार

हजारीबाग में बैंक लूट कांड का खुलासा, 3 अपराधी गिरफ्तार

spot_img

20 लाख नकद, 912 ग्राम सोना और वाहन बरामद

हजारीबाग | 03 मई 2026

Bank of Maharashtra Barhi Branch में 24 अप्रैल 2026 को हुई सनसनीखेज लूट की घटना का हजारीबाग पुलिस ने सफलतापूर्वक खुलासा कर लिया है। पुलिस ने इस मामले में तीन अंतरराज्यीय अपराधियों को गिरफ्तार करते हुए लूटे गए नकद रुपये, सोना और घटना में प्रयुक्त वाहन बरामद किया है।


🔍 घटना का पूरा विवरण

24 अप्रैल 2026 को दोपहर करीब 3:15 बजे चार हथियारबंद अपराधियों ने बरही स्थित बैंक ऑफ महाराष्ट्रा शाखा में धावा बोला। अपराधियों ने हथियार के बल पर बैंक कर्मचारियों को बंधक बना लिया और करीब ₹4,22,492 नकद तथा गोल्ड सेफ में रखे 78 पैकेट सोना (करीब 3.987 किलोग्राम) लूट लिए।

घटना को अंजाम देने के बाद अपराधियों ने सभी कर्मचारियों को स्ट्रांग रूम में बंद कर दिया और बैंक के बाहर ताला लगाकर दो मोटरसाइकिल से फरार हो गए।


🚔 पुलिस की त्वरित कार्रवाई

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर तत्काल एक्शन लिया गया। घटनास्थल का निरीक्षण कर आसपास के सभी संभावित मार्गों पर सघन जांच अभियान चलाया गया। साथ ही, सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए और सीमावर्ती जिलों एवं राज्यों की पुलिस से समन्वय स्थापित किया गया।

इस मामले में बरही थाना कांड संख्या 140/26 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई।


🕵️ SIT गठन और जांच

मामले की गंभीरता को देखते हुए अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) के नेतृत्व में विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया गया। जांच के दौरान पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण और खुफिया जानकारी के आधार पर एक संदिग्ध काले रंग की स्कॉर्पियो (BR-01 HN-2024) की पहचान की।

जांच टीम ने विभिन्न राज्यों में इसी तरह के अपराधों का अध्ययन कर अपराधियों की पहचान सुनिश्चित की।


📍 वाराणसी से गिरफ्तारी

हजारीबाग पुलिस ने उत्तर प्रदेश STF के सहयोग से वाराणसी के सारनाथ क्षेत्र में घेराबंदी कर तीन अपराधियों को गिरफ्तार किया।

गिरफ्तार आरोपी:

  • पंकज सिंह उर्फ रौनक सिंह (गोरखपुर, उत्तर प्रदेश)
  • मो. अफजल (नवादा, बिहार)
  • सौरभ यादव उर्फ सोनू यादव (मऊ, उत्तर प्रदेश)

💰 बरामदगी

पुलिस ने आरोपियों के पास से:

  • 912.22 ग्राम सोना
  • ₹20 लाख नकद
  • 6 मोबाइल फोन
  • स्कॉर्पियो वाहन
  • 2 पल्सर मोटरसाइकिल

बरामद किए हैं।


🧠 ऐसे रची गई थी साजिश

पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि अपराधियों ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म जैसे YouTube और Facebook के माध्यम से जानकारी जुटाई थी कि बैंक गोल्ड लोन देता है। इसके बाद उन्होंने करीब 2 महीने तक बैंक की रेकी की और व्हाट्सएप के जरिए गिरोह बनाकर योजना तैयार की।

पहले 17 अप्रैल को वारदात की योजना बनाई गई थी, लेकिन पुलिस गश्त के कारण उसे टाल दिया गया। बाद में 24 अप्रैल को लूट की घटना को अंजाम दिया गया।


⚠️ आपराधिक इतिहास

गिरफ्तार आरोपी पहले भी बिहार, पश्चिम बंगाल, उत्तराखंड सहित कई राज्यों में लूट और डकैती के मामलों में शामिल रह चुके हैं।


🔎 आगे की कार्रवाई

पुलिस अन्य फरार आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है। मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।


🧾 निष्कर्ष

इस कार्रवाई से हजारीबाग पुलिस ने न सिर्फ एक बड़ी बैंक लूट की घटना का पर्दाफाश किया है, बल्कि अंतरराज्यीय अपराधियों के नेटवर्क पर भी करारा प्रहार किया है।

spot_img
spot_img
RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine
spot_img

Most Popular

spot_img

Recent Comments