डीसी अजय नाथ झा ने दी सख्त चेतावनी—SOP का पालन अनिवार्य, मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक गैजेट पूरी तरह बैन
बोकारो में आयोजित होने वाली झारखंड उत्पाद सिपाही प्रतियोगिता परीक्षा–2023 को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। परीक्षा के शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और कदाचारमुक्त संचालन के लिए व्यापक तैयारी की गई है।
उपायुक्त अजय नाथ झा ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी संबंधित अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की और सख्त निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि आयोग द्वारा जारी एसओपी का अक्षरशः पालन सुनिश्चित किया जाए और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
🔴 समयबद्ध व्यवस्था पर खास जोर
डीसी ने निर्देश दिया कि पेट्रोलिंग मजिस्ट्रेट और पुलिस पदाधिकारी सुबह 4:30 बजे कोषागार पहुंचकर प्रश्न पत्र और चाबी बॉक्स का मिलान करेंगे और सुबह 6:00 बजे तक हर हाल में परीक्षा केंद्र पहुंचना सुनिश्चित करेंगे। केंद्राधीक्षकों को समय पर केंद्र खोलने और सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त रखने के निर्देश दिए गए हैं।
🔴 मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक गैजेट पूरी तरह बैन
प्रशासन ने परीक्षा के दौरान सख्ती दिखाते हुए स्पष्ट कर दिया है कि केंद्राधीक्षक और पेट्रोलिंग मजिस्ट्रेट को छोड़कर किसी भी कर्मी को मोबाइल फोन उपयोग की अनुमति नहीं होगी। परीक्षार्थियों के लिए भी मोबाइल, ब्लूटूथ, स्मार्ट वॉच जैसे गैजेट पूरी तरह प्रतिबंधित रहेंगे।
🔴 CCTV और बायोमेट्रिक से निगरानी
जिला शिक्षा विभाग को निर्देश दिया गया है कि सभी 27 परीक्षा केंद्रों पर CCTV कैमरे, बायोमेट्रिक उपस्थिति और फ्रिस्किंग की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। बिना जांच के किसी भी परीक्षार्थी को प्रवेश नहीं मिलेगा।
🔴 धारा 163 लागू, सुरक्षा कड़ी
विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए चास और बेरमो अनुमंडल क्षेत्र में परीक्षा केंद्रों के आसपास धारा 163 लागू करने का निर्देश दिया गया है। इससे किसी भी तरह की अव्यवस्था या भीड़भाड़ को रोका जा सकेगा।
🔴 27 केंद्रों पर होगी परीक्षा
जिले में कुल 27 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां करीब 12,840 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल होंगे। प्रशासन ने सभी अधिकारियों को जिम्मेदारी के साथ कार्य करने और पारदर्शिता बनाए रखने के निर्देश दिए हैं।
जिला प्रशासन का दावा है कि सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और परीक्षा को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराया जाएगा। अब देखना होगा कि इतनी कड़ी व्यवस्था के बीच परीक्षा कितनी सफलतापूर्वक संपन्न होती है।







