🌦️ मानसून की शुरुआत के साथ किसान खेती में जुटे, लेकिन खतरा भी बढ़ा
मानसून की दस्तक के साथ ही झारखंड के किसानों ने खेतों में काम शुरू कर दिया है। समय पर बारिश होने से किसान उत्साहित हैं, लेकिन इसके साथ प्राकृतिक आपदाओं का खतरा भी बढ़ गया है।
⚡ देवघर में खेत में गिरी बिजली, दो किसान गंभीर रूप से घायल
देवघर जिला के देवीपुर प्रखंड अंतर्गत बिरहाकट्टा गांव में उस समय अफरा-तफरी मच गई जब दो किसान—सुरेंद्र मुर्मू और हरिओम हांसदा—अपने खेतों में काम करते समय आकाशीय बिजली की चपेट में आ गए।
काम के दौरान अचानक तेज गर्जना के साथ बिजली उनके नजदीक गिरी, जिससे दोनों घायल होकर खेत में गिर पड़े।
🚑 स्थानीय ग्रामीणों ने बचाई जान, इलाज जारी
बिजली की तेज आवाज़ सुनकर आसपास मौजूद अन्य ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंचे और घायल किसानों को तुरंत स्थानीय अस्पताल पहुंचाया।
अस्पताल सूत्रों के मुताबिक दोनों की हालत गंभीर बनी हुई है और डॉक्टर फिलहाल कुछ कहने की स्थिति में नहीं हैं।
😨 गांव में दहशत का माहौल, सतर्क रहने की सलाह
घटना के बाद ग्रामीणों में भय और चिंता का माहौल है। यह घटना एक चेतावनी है कि किसानों को मौसम विभाग की चेतावनी को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
विशेषज्ञों की सलाह है:
“खेत में काम करने से पहले मौसम पूर्वानुमान को ज़रूर देखें और आकाशीय बिजली या तूफान की चेतावनी के दौरान खेतों से दूर रहें।”
✅ समाप्ति विचार:
मानसून किसानों के लिए खुशहाली लाता है, लेकिन साथ ही प्राकृतिक आपदाओं का जोखिम भी बढ़ाता है। ऐसे में सतर्क रहना ही सुरक्षा की कुंजी है।







