Home NEWS BERMO बोकारो में हाथियों का आतंक: गांवों में घुस रहे झुंड, राहत के...

बोकारो में हाथियों का आतंक: गांवों में घुस रहे झुंड, राहत के लिए संयुक्त QRT का बड़ा अभियान

0
बोकारो में हाथियों का बढ़ता आतंक

बोकारो | Jharkhand Elephant Conflict

#झारखंड के बोकारो जिले में हाथियों का आतंक एक बार फिर चिंता का विषय बन गया है। गोमिया प्रखंड के लुगू पहाड़ और आसपास के क्षेत्रों में इन दिनों हाथियों का जमावड़ा है, जिससे ग्रामीणों में भय का माहौल बना हुआ है। हालांकि हाथी अधिक समय जंगलों में रहते हैं, लेकिन भोजन की तलाश में वे गांवों की ओर रुख कर रहे हैं।

स्थिति को नियंत्रित करने के लिए वन विभाग ने बड़ा कदम उठाते हुए गोमिया, कुजु और पेटरवार की संयुक्त QRT (क्विक रिस्पांस टीम) को मैदान में उतारा है। ये टीमें दिन-रात अभियान चलाकर हाथियों को गांवों से दूर भगाने में जुटी हैं।

वन विभाग के अनुसार, पहले रामगढ़ और गोमिया क्षेत्र की टीमें अलग-अलग काम करती थीं, जिससे हाथी एक क्षेत्र से दूसरे क्षेत्र में पहुंच जाते थे और नुकसान जारी रहता था। अब संयुक्त कार्रवाई से इस समस्या को नियंत्रित करने की कोशिश की जा रही है।

यह वीडियो भी देखें

हाथियों को भगाने के लिए मशाल, स्प्रे मशीन, चिली स्प्रे और चिली पाउडर का उपयोग किया जा रहा है। यह अभियान विशेष रूप से रात के समय चलाया जा रहा है, जब हाथियों के गांवों में घुसने की संभावना अधिक रहती है।

जानकारी के अनुसार, हाथियों का पारंपरिक मार्ग लुगू पहाड़, गंगापुर, महुआटांड़ और छनछनिया नदी होते हुए रामगढ़ तक फैला हुआ है। इस दौरान यदि उन्हें धान, महुआ या अन्य खाद्य पदार्थों की गंध मिलती है, तो वे घरों में घुसकर तोड़फोड़ करते हैं और कई बार लोगों पर हमला भी कर देते हैं।

बीते महीनों में हाथियों के हमले में कई लोगों की मौत हो चुकी है, जिससे प्रशासन की चिंता और बढ़ गई है। फिलहाल जिले में वन विभाग के कई पद प्रभार में चल रहे हैं, जिससे स्थायी समाधान में भी दिक्कतें आ रही हैं।

प्रशासन का कहना है कि संयुक्त अभियान के जरिए हाथियों के मूवमेंट को नियंत्रित कर ग्रामीणों की सुरक्षा सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है।

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Exit mobile version